Advertisement
संजय
previous arrow
next arrow
दिल्सन
previous arrow
next arrow

खरसावां के शहीदों को राज्य व केंद्रीय मंत्री सहित हजारों की संख्या में लोगों ने दी श्रद्धांजलि, परिजनों ने बाहाया आंसू

By Goutam

Published on:

 

 

सोशल संवाद/खरसावां (रिपोर्ट- उमाकांत कर): खरसावां के वीर शहीदों को नमन करते हुए हजारों लोगो ने अपना शीश झुकाते हुए अश्रुपूर्ण श्रद्धांजलि दी। राज्य के कोने कोने से लोग पहुचकर शहीद वेदी में कसमे खाई और विकास का संक्लप लिया।

Advertisement
Advertisement

शहीदों को श्रद्वाजंलि देने वालों में भारत सरकार के जनजातीय केन्द्रीय मंत्री अर्जुन मुंड़ा, झारखंड के मंत्री चंपाई सोरेन, मंत्री जोबा मांझी, विधायक सुखराव उरावं, विधायक दशरथ गागराई, विधायक दिपक बिरूवां, जिला परिषद अध्यक्ष सोनाराम बोदरा, पूर्व शिक्षा मंत्री गीताश्री उरांव, वृहत झारखंड जनाधिकार मंच के केन्द्रीय अध्यक्ष बिरसा सोय सहित कई पूर्व मंत्री, पूर्व सासंद व पूर्व विधायक शामिल थे।

Dayal Builder
Srinath

भाजपा के नोताओं के साथ खरसावां के अर्जुना वाटिका से पदयात्रा करते हुए स्माधि स्थल तक पहुचे और पारंपरिक रीति रिवाज के साथ खरसावां गोलीकांड के शहीदों को श्रद्वाजंलि अर्पित की। इस दौरान उनकी धर्मपत्नी मीरा मुंड़ा, पूर्व विधायक लक्ष्मण टुडू, पूर्व मंत्री बडकुवर गागराई ने खरसावां के वीर शहीदों को भावभीनी श्रद्धांजलि दी।

Advertisement

मौके पर श्री मुंड़ा ने कहा कि खरसावां शहीद स्थल लोगों के लिए प्रेरणा का केन्द है। एक तरफ देश आजादी का जश्न मना रहा था। तो दूसरी तरफ खरसावां की धरती रक्तरंजित हुई थी। तक देश में कांग्रेस का शासन था। निरीह आदिवासियों पर गोलियों की बौछार की गई थी। उन्हें आज भी उस घटना को याद कर पीड़ा होती है। जब वे मुख्यमंत्री थे तब यहां के लोगों के सहयोग से खरसावां शहीद स्थल को ऐतिहासिक स्मारक बनाने का काम किया गया। जहां आज हजारों हजार की संख्या में राज्य के कोने-कोने से लोग शहीदों को श्रद्धांजलि देने आते हैं।

वही खरसावां गोलीकांड के शहीदों के चिन्हीतीकरन को लेकर बनाए गए आयोग की कार्यशैली पर केंद्रीय मंत्री ने राज्य सरकार पर निशाना साधा और कहा यह जानकर दुरूख हुआ कि शहीदों आंदोलनकारियों के नाम पर आयोग द्वारा पैसे लिए जा रहे हैं। राज्य सरकार को इस पर ध्यान देने की जरूरत है। वहीं केंद्रीय मंत्री ने कहा आज का दिन आदिवासियों के लिए संकल्प लेने का दिन है। आज देश डिजिटल रूप में प्रवेश कर चुका है। आदिवासी समुदाय के लोगों खासकर युवाओं को भी इस दौड़ में शामिल होने की जरूरत है। युवा यहां से प्रेरणा लेकर जाएं और अपने समाज के उत्थान में जुट जाएं। उन्होंने कहा देश भर में 700 से अधिक आदिवासी समुदाय महान विरासत का आज भी पालन कर रहे हैं।

सरकार शहीदों के सपनों को साकार करना है – चंपाई

झारखंड सरकार के मंत्री चंपाई सोरेन ने कहा कि खरसावां के शहीदों से प्रेरणा लेकर गुरुजी के नेतृत्व में अलग झारखंड राज्य की लड़ाई लड़ने का मार्ग प्रशस्त हुआ। उन्होंने कहा देश की आजादी से पहले और आजादी के बाद हमारे पूर्वजों ने अपनी कुर्बानी देकर हमें गौरवान्वित किया है। झारखंड के अमर शहीदों की वजह से हम आज खुले में सांस ले रहे हैं। हमें उन शहीदों के सपनों को साकार करना है। वर्तमान सरकार इस दिशा में बेहतर काम कर रही है।

खरसावां के शहीद स्थल पर आना सुखद अनुभूति है- सुखराम

चक्रधरपुर विधायक सुखराम उराव ने खरसावां की शहीदों को नमन करते हुए कहा कि खरसावां के शहीद स्थल पर आना सुखद अनुभूति है। यहां आकर पूर्वजों के गौरवशाली इतिहास की जानकारी मिलती है। आज उनका सपना पूरा होने की उम्मीद है। जो हेमंत सरकार पूरा करेगे।

हेंमंत सरकार झारखंड हित में करेगा काम – दशरथ गागराई

खरसावां विधायक दशरथ गागराई ने कहा कि जनता ने कई उम्मीद और विश्वास के साथ झारखंड में हेमंत सरकार जनता ने बनाई है। मुझे पूरा विश्वास है कि हेमंत सरकार झारखंड हित में काम करेगी। साथ ही झारखंड को विकास की नई दिशा के पथ ले जाने की काम करेंगे।

शहीदों के सपने को पूरा कर दे सच्ची श्रद्वाजंलि – विशु हेम्ब्रम

जिला कांग्रेस के जिलाध्यक्ष विशु हेम्ब्रम ने खरसावां के बीर शहीदो को नमन करते हुए कहा कि शहीदों के सपने को पूरा कर सरकार उन्हे सच्ची श्रद्वाजंलि दे। जल, जंगल, जमीन का अधिकार हो, झारखंड के आदिवासी और मुलवासियों को मान सम्मान मिले। सरकार शहीदों के उम्मीदों पर काम करे।

खरसावां झारखंड के शहीदों की धरती है- रामलाल

आजसू के पश्चिमी सिहभूम जिला अध्यक्ष रामलाल मुंड़ा ने कहा कि खरसावां झारखंड के शहीदों और आन्दोलकारियों की धरती है। आज अगर अलग झारखंड राज्य का सपना पुरा हुआ है। तो यह उन शहीदों के बलिदान और संघर्ष के बल मिला है। शहीदों के सपनो को साकार कर उन्हे सच्ची श्रद्वाजंलि देने का संक्लप लिया।

इन्होने दी शहीदो को श्रद्वाजंलि

केन्द्रीय मंत्री अर्जुन मुंड़ा, झारखंड के मंत्री चंपाई सोरेन, मंत्री जोबा मांझी, विधायक सुखराव उरावं, विधायक दशरथ गागराई, विधायक दीपक बिरूवां, जिला परिषद अध्यक्ष सोनाराम बोदरा, पूर्व शिक्षा मंत्री गीताश्री उरांव, पूर्व मंत्री बडकुवर गागराई, वृहत झारखंड जनाधिकार मंच के केन्द्रीय अध्यक्ष बिरसा सोय, पूर्व विधायक मंगल सिंह मुंड़ा, पूर्व विधायक लक्ष्मण टुडू, पूर्व विधायक बहादुर उरावं, पूर्व विधायक शशीभुषण सामड, मीरा मुंड़ा, टायगर जयराम महतो, गणेश माहली, राहुल आदित्य कांग्रेस के पूर्व प्रत्याशी कालीचरण मुंड़ा, कांग्रेस नेता छोटराय किस्कू, कांग्रेस के प्रदेश सचिव प्रेमेंद्र कुमार मिश्रा, आजसू के पश्चिमी सिहभूम जिला अध्यक्ष रामलाल मुंड़ा,  कांग्रेस के जिलाध्यक्ष विशु हेम्ब्रम, ललित महतो, पूर्व सांसद देवेन्द्र नाथ चापिया, समाजसेवी विनोद बिहारी कुजूर, शिव कुमार, शंम्भू मंडल, संजय जारिका, लाल सिंह सोय, मनोज सोय, रामरतन महतो, रूपसिंह मुंड़ा आदि ने वीर शहीदों को श्रद्वाजंलि दी।

ताजा खबरें

WhatsApp