जनसंवाद, खरसावां (उमाकांत कर): खरसावां प्रखंड के राजखरसावां अंतर्गत बड़ा आमदा स्थित भारत सरकार से मान्यता प्राप्त महर्षि पतंजलि योग एवं प्राकृतिक चिकित्सा प्रशिक्षण संस्थान से संबद्ध योग संस्थान में सत्र 2025 (जनवरी से दिसंबर) के तहत योग विज्ञान के पीजी डिप्लोमा, डिप्लोमा एवं सर्टिफिकेट कोर्स की परीक्षा 27 दिसंबर से 30 दिसंबर तक सफलतापूर्वक आयोजित की गई। परीक्षा पूरी तरह शांतिपूर्ण, सुव्यवस्थित एवं कदाचार मुक्त वातावरण में संपन्न हुई।
संस्थान के प्राचार्य धीरेन्द्र नाथ महतो ने बताया कि परीक्षा के दौरान अनुशासन को लेकर सख्त निर्देश जारी किए गए थे। उन्होंने स्पष्ट कहा था कि परीक्षा में किसी भी प्रकार की अनुचित गतिविधि या कदाचार में लिप्त पाए जाने पर परीक्षार्थी को तत्काल परीक्षा से निष्कासित कर दिया जाएगा। इन सख्त व्यवस्थाओं के कारण परीक्षा निष्पक्ष एवं पारदर्शी ढंग से संपन्न हुई।
प्राचार्य धीरेन्द्र नाथ महतो ने योग विज्ञान के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि उनका संस्थान भारत सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त है और इसका कार्यक्षेत्र पूरे भारत में फैला हुआ है। उन्होंने कहा कि योग में गति, श्वास और ध्यान का समन्वय होता है, जो इसे शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य के लिए अत्यंत प्रभावी बनाता है।
उन्होंने आगे कहा कि आज के तनावपूर्ण जीवन में योग अत्यंत आवश्यक है। योग न केवल शरीर की शक्ति, लचीलापन और संतुलन को बढ़ाता है, बल्कि तनाव कम करता है, मानसिक स्पष्टता लाता है और हृदय स्वास्थ्य में सुधार करता है। नियमित योग अभ्यास से व्यक्ति एक स्वस्थ, संतुलित और ऊर्जावान जीवन जी सकता है। उन्होंने लोगों से अपील की— “आओ योग अपनाएं, देश को स्वस्थ बनाएं।”














