होम 

राज्य

नौकरी

राजनीति

देश दुनिया

योजना

खेल समाचार

टेक

जमशेदपुर

धर्म-समाज  

वेब स्टोरी 

---Advertisement---

Resized Sharma Furniture Banner 1-01-01
previous arrow
next arrow
03 (29)
previous arrow
next arrow

 

पुलिस कस्टडी में जीत महतो की मौत पर भाजपा हमलावर, अर्जुन मुंडा ने की पीड़ित परिवार से मुलाकात

By Goutam

Published on:

 

---Advertisement---

02 (50)
previous arrow
next arrow

जनसंवाद, जमशेदपुर। मानगो क्षेत्र के गोकुलनगर बस्ती निवासी जीत महतो की पुलिस हिरासत में हुई मौत ने पूरे शहर को झकझोर कर रख दिया है। 30 दिसंबर को मोबाइल चोरी के संदेह में पुलिस द्वारा जीत महतो को हिरासत में लिया गया था। आरोप है कि हिरासत के दौरान उसके साथ गंभीर मारपीट और अमानवीय व्यवहार किया गया, जिससे उसकी तबीयत बिगड़ गई। बाद में उसे एमजीएम अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।

मौत के बाद पुलिस द्वारा आनन-फानन में यूडी केस दर्ज कर पोस्टमार्टम कराना, अंतिम संस्कार में जल्दबाज़ी और परिजनों को दो लाख रुपये की राशि सौंपे जाने से पूरे मामले पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। घटना के बाद शहर में आक्रोश का माहौल है और मामला लगातार तूल पकड़ता जा रहा है।

शनिवार को पूर्व मुख्यमंत्री अर्जुन मुंडा के नेतृत्व में भाजपा जमशेदपुर महानगर अध्यक्ष सुधांशु ओझा सहित पार्टी का शिष्टमंडल गोकुलनगर पहुंचा और पीड़ित परिवार से मुलाकात की। इस दौरान दिवंगत जीत महतो की मां, पत्नी और बड़ी संख्या में स्थानीय लोग मौजूद रहे। परिजनों ने आरोप लगाया कि गिरफ्तारी के बाद दो दिनों तक उन्हें जीत महतो से मिलने नहीं दिया गया। इसी दौरान उसकी गर्भवती पत्नी ने बच्ची को जन्म दिया, जो जन्म लेते ही अपने पिता का साया खो बैठी।

पूर्व मुख्यमंत्री अर्जुन मुंडा ने पूरे घटनाक्रम को मानवता को शर्मसार करने वाला बताते हुए कहा कि पुलिस हिरासत में किसी व्यक्ति की मौत शासन और पुलिस प्रशासन की सीधी विफलता है। उन्होंने मांग की कि मामले की उच्च स्तरीय न्यायिक जांच हो, एमजीएम थाना प्रभारी को तत्काल बर्खास्त किया जाए और दोषी पुलिसकर्मियों पर हत्या का मुकदमा दर्ज किया जाए। उन्होंने कहा कि क्या राज्य में गरीब होना अपराध बन गया है और क्या पुलिस की बर्बरता पर पर्दा डालने के लिए पैसों का सहारा लिया जा रहा है।

भाजपा महानगर अध्यक्ष सुधांशु ओझा ने जिला प्रशासन को 24 घंटे का अल्टीमेटम देते हुए कहा कि यदि तय समयसीमा में थाना प्रभारी समेत सभी दोषी पुलिसकर्मियों पर कड़ी कार्रवाई नहीं होती है, तो भारतीय जनता पार्टी उग्र आंदोलन करेगी। उन्होंने आरोप लगाया कि दो लाख रुपये देकर मामले को रफा-दफा करने की कोशिश की जा रही है और यह गरीब परिवार की संवेदनाओं का मज़ाक है। पार्टी पीड़ित परिवार को न्याय, सुरक्षा और उचित मुआवजा दिलाने तक संघर्ष जारी रखेगी।

इस मौके पर पूर्व जिलाध्यक्ष राजकुमार श्रीवास्तव, बिनोद सिंह, नीरज सिंह, संजीव सिन्हा, बबुआ सिंह, राजीव सिंह, संजीव सिंह, विजय तिवारी, कृष्णा शर्मा काली, बिनोद राय, रविन्द्र सिसोदिया, नीतीश कुशवाहा, नीलू मछुआ, आनंद कुमार, सुशील पांडेय समेत बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

 

Leave a Comment