जनसंवाद, खरसावां (उमाकांत कर)। कुचाई प्रखंड के रूगुडीह पंचायत अंतर्गत स्थित उत्क्रमित उच्च विद्यालय, सियाडीह में विद्यालय प्रबंधन समिति (एसएमसी) का पुनर्गठन किया गया। विद्यालय परिसर में आयोजित बैठक में अभिभावकों, ग्रामीणों, शिक्षकों और विद्यालय से जुड़े गणमान्य लोगों की मौजूदगी में सर्वसम्मति से नई समिति का गठन किया गया।
बैठक की अध्यक्षता विद्यालय की प्रधानाध्यापिका मेरियम नाग ने की। बैठक की शुरुआत विद्यालय के विकास, शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार और विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास को लेकर चर्चा के साथ हुई। इसके बाद विद्यालय प्रबंधन समिति के पुनर्गठन की प्रक्रिया पूरी की गई।
सर्वसम्मति से अर्जुन लोहार को विद्यालय प्रबंधन समिति का अध्यक्ष, बुधनी मुंडा को उपाध्यक्ष तथा शिक्षक तारकनाथ मुखी को सचिव चुना गया।
नवनिर्वाचित अध्यक्ष अर्जुन लोहार ने सभी सदस्यों और ग्रामीणों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि विद्यालय का शैक्षणिक वातावरण बेहतर बनाने, विद्यार्थियों की नियमित उपस्थिति सुनिश्चित करने और उपलब्ध संसाधनों का प्रभावी उपयोग करने के लिए समिति पूरी निष्ठा से कार्य करेगी। उन्होंने विद्यालय और अभिभावकों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर शिक्षा के स्तर को ऊंचा उठाने की बात कही।
उपाध्यक्ष बुधनी मुंडा ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों के बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराना सभी की साझा जिम्मेदारी है। उन्होंने अभिभावकों से बच्चों को नियमित रूप से विद्यालय भेजने और उनकी पढ़ाई पर विशेष ध्यान देने की अपील की।
समिति के सचिव तारकनाथ मुखी ने कहा कि विद्यालय प्रबंधन समिति विद्यालय और समुदाय के बीच महत्वपूर्ण कड़ी का कार्य करती है। समिति के सहयोग से शैक्षणिक गतिविधियों को और प्रभावी बनाया जाएगा। साथ ही विद्यालय में स्वच्छता, अनुशासन और विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।
बैठक में विद्यालय की आधारभूत सुविधाओं के विकास, विद्यार्थियों की शत-प्रतिशत उपस्थिति सुनिश्चित करने और शिक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाने सहित विभिन्न मुद्दों पर भी चर्चा हुई। कार्यक्रम के अंत में नवगठित समिति के पदाधिकारियों को शुभकामनाएं दी गईं और नई समिति से विद्यालय के समग्र विकास की अपेक्षा जताई गई।
इस अवसर पर प्रधानाध्यापिका मेरियम नाग, शिक्षक रूपेश मिश्रा, चंद्रमोहन मुंडा, दुर्गा सिंह मुंडा, नंदलाल मुंडा, पुष मुंडा, सुखराम मुंडा, लालसाय मुंडा, लेपा मुंडा, सुनीता मुंडा, बुधराय मुंडा, पवन सिंह मुंडा, कोलाय मुंडा सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण और अभिभावक उपस्थित रहे।

















