जनसंवाद, घाटशिला/जमशेदपुर : सोना देवी विश्वविद्यालय, घाटशिला के स्वामी विवेकानंद सभागार में निर्वाचन आयोग/निर्वाचन शाखा के पदाधिकारियों की ओर से विद्यार्थियों के बीच SIR (Special Intensive Revision) को लेकर विशेष मतदाता जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण, मतदाता सूची में नाम जोड़ने की प्रक्रिया और मतदान के अधिकार के प्रति जागरूक करना था।
SIR की प्रक्रिया और भ्रांतियों की दी जानकारी
कार्यक्रम में निर्वाचन प्राधिकारी सुश्री प्रियंका कुमारी ने SIR के उद्देश्य और आवश्यकता पर विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने विद्यार्थियों की SIR से जुड़ी विभिन्न भ्रांतियों और शंकाओं का समाधान करते हुए मतदाता सूची में नाम दर्ज कराने की प्रक्रिया, आवश्यक दस्तावेज और निर्धारित प्रक्रियाओं के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र को मजबूत बनाने के लिए जागरूक और जिम्मेदार मतदाताओं की महत्वपूर्ण भूमिका होती है।
ऑनलाइन मतदाता पंजीकरण का दिया व्यावहारिक प्रशिक्षण
निर्वाचन शाखा के अधिकारी प्रशांत कुमार मिश्रा, कोमल रानी और दीपक कुमार पासवान ने विद्यार्थियों को मतदाता सूची में ऑनलाइन नाम जोड़ने के लिए आवेदन-पत्र भरने की प्रक्रिया का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया। इस दौरान ऑनलाइन फॉर्म भरते समय आने वाली सामान्य समस्याओं और उनके आसान समाधान की जानकारी भी दी गई। विद्यार्थियों की व्यक्तिगत समस्याओं का मौके पर ही समाधान किया गया।
BLO ने स्थानीय स्तर की प्रक्रियाओं की दी जानकारी
कार्यक्रम में निर्वाचन आयोग के BLO श्री सुकुल मार्डी और सुश्री नमिता दास भी मौजूद रहे। उन्होंने विद्यार्थियों को मतदाता सूची से जुड़ी स्थानीय स्तर की प्रक्रियाओं और जरूरी जानकारी उपलब्ध कराई।
विश्वविद्यालय प्रशासन ने युवाओं को बताया लोकतंत्र की ताकत
कुलसचिव डॉ. नीत नयना ने कहा कि लोकतंत्र की मजबूती के लिए प्रत्येक योग्य नागरिक का मतदाता सूची में पंजीकरण और मतदान प्रक्रिया में सक्रिय भागीदारी जरूरी है। उन्होंने विद्यार्थियों से अपने मताधिकार के प्रति जागरूक होने के साथ-साथ परिवार और समाज के लोगों को भी मतदाता सूची में नाम दर्ज कराने के लिए प्रेरित करने की अपील की।
कुलपति प्रोफेसर डॉ. ब्रज मोहन पाट पिंगुवा ने कहा कि विश्वविद्यालय का उद्देश्य केवल विद्यार्थियों को शैक्षणिक ज्ञान देना नहीं है, बल्कि उन्हें जिम्मेदार और जागरूक नागरिक बनाना भी है। उन्होंने कहा कि निर्वाचन संबंधी जागरूकता कार्यक्रम विद्यार्थियों में लोकतांत्रिक मूल्यों, संवैधानिक अधिकारों और नागरिक दायित्वों की समझ विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
युवाओं से लोकतांत्रिक प्रक्रिया में सक्रिय भागीदारी की अपील
कुलाधिपति श्री प्रभाकर सिंह ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि युवा देश के लोकतांत्रिक भविष्य की सबसे बड़ी शक्ति हैं। प्रत्येक योग्य विद्यार्थी को अपने मताधिकार का महत्व समझना चाहिए और मतदाता सूची में अपना नाम सुनिश्चित कराने के साथ अन्य लोगों को भी जागरूक करना चाहिए। उन्होंने विद्यार्थियों से लोकतांत्रिक प्रक्रिया में सक्रिय और जिम्मेदार भागीदारी निभाने का आह्वान किया।
जागरूक और जिम्मेदार मतदाता बनने का लिया संकल्प
कार्यक्रम के अंत में सामाजिक विज्ञान संकाय की अध्यक्ष डॉ. कंचन सिन्हा ने निर्वाचन आयोग के पदाधिकारियों, विश्वविद्यालय प्रशासन, शिक्षकों और विद्यार्थियों के प्रति आभार जताया। उन्होंने कहा कि ऐसे जागरूकता कार्यक्रम विद्यार्थियों को अपने संवैधानिक अधिकारों और नागरिक कर्तव्यों के प्रति सजग बनाने में उपयोगी हैं।
कार्यक्रम में विश्वविद्यालय के शिक्षक, कर्मचारी और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं मौजूद रहे। कार्यक्रम का समापन जागरूक, जिम्मेदार और सक्रिय मतदाता बनने के संकल्प के साथ हुआ।

















