जनसंवाद, जमशेदपुर। जमशेदपुर और पोटका प्रखंड में साइकिल वितरण में हो रही देरी को लेकर जन विकास मंच के अध्यक्ष एवं पूर्व विधानसभा प्रत्याशी सौरभ विष्णु ने सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि साइकिल वितरण में देरी का मुद्दा मौजूदा विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) से जुड़ा हुआ नया मामला नहीं है, बल्कि जुलाई 2026 से ही इसे सूचना का अधिकार (RTI) के जरिए उठाया जा रहा है।
सौरभ विष्णु के मुताबिक, संबंधित विभाग से साइकिल खरीद और वितरण से जुड़ी जानकारी मांगे जाने के बावजूद अब तक उन्हें सूचना उपलब्ध नहीं कराई गई है। प्रथम अपील दाखिल किए जाने के बाद भी जवाब नहीं मिलने का उन्होंने दावा किया है।
28 जुलाई को सामने आई थी वितरण में देरी की स्थिति
सौरभ विष्णु ने बताया कि 28 जुलाई 2026 को प्रकाशित एक रिपोर्ट में जमशेदपुर और पोटका प्रखंड में कुल 13,500 साइकिलों के वितरण का लक्ष्य बताया गया था। उस समय तक केवल करीब 2,600 साइकिलों के वितरण की जानकारी सामने आई थी।
इसके बाद 31 जुलाई 2026 को उन्होंने झारखंड सरकार के स्कूली शिक्षा एवं साक्षरता विभाग में RTI आवेदन दाखिल किया। इसमें साइकिल खरीद के टेंडर, आपूर्तिकर्ता कंपनी, प्रति साइकिल कीमत, कुल अनुबंध राशि, वास्तविक वितरण आंकड़े और खुले में रखी साइकिलों के जंग लगने से संबंधित जांच रिपोर्ट समेत कई जानकारियां मांगी गई थीं।
RTI का जवाब नहीं मिलने पर प्रथम अपील
सौरभ विष्णु के अनुसार, उनका RTI आवेदन 4 अगस्त 2026 को विभाग को प्राप्त हुआ। उनका दावा है कि आवेदन को 10 अगस्त को माध्यमिक शिक्षा निदेशालय को स्थानांतरित किया गया।
उनके अनुसार, RTI अधिनियम के तहत निर्धारित अवधि में सूचना उपलब्ध नहीं कराई गई। इसके बाद उन्होंने धारा 19(1) के तहत प्रथम अपील दाखिल की। सौरभ विष्णु का कहना है कि प्रथम अपील पर भी अब तक उन्हें कोई जवाब नहीं मिला है।
SIR को देरी का कारण बताए जाने पर उठाया सवाल
हाल की रिपोर्टों में पूर्वी सिंहभूम जिले में वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए 13,748 साइकिलों के लक्ष्य में देरी का कारण अधिकारियों की SIR कार्य में व्यस्तता और कुछ महत्वपूर्ण पदों के रिक्त होने को बताया गया है।
सौरभ विष्णु ने इस स्पष्टीकरण पर सवाल उठाते हुए कहा कि उनका RTI आवेदन जुलाई के अंत में और प्रथम अपील सितंबर की शुरुआत में दाखिल की जा चुकी थी। उनके अनुसार, इसलिए साइकिल वितरण से संबंधित जानकारी नहीं मिलने का मामला SIR के दौरान सामने आई देरी से अलग है।
‘कारण बदलने से समस्या का समाधान नहीं होगा’
सौरभ विष्णु ने कहा कि साइकिल वितरण का मामला जुलाई से ही दर्ज है। उनके मुताबिक, पहले टेंडर और वितरण को लेकर जानकारी मांगी गई थी और अब विभाग की चुप्पी के लिए नए कारण सामने आ रहे हैं।
उन्होंने कहा कि हजारों विद्यार्थी साइकिल की प्रतीक्षा कर रहे हैं। ऐसे में उनकी मांग है कि विभाग द्वारा RTI के तहत मांगी गई जानकारी बिना और देरी के उपलब्ध कराई जाए।
जिला स्तर पर फिर मांगी गई जानकारी
जन विकास मंच की ओर से जिला स्तर पर एक नया RTI आवेदन भी दाखिल किए जाने की बात कही गई है। इसमें रिक्त पदों की अवधि, SIR ड्यूटी आवंटन से संबंधित आदेश की प्रति और जमशेदपुर पश्चिम/मानगो क्षेत्र के विद्यालयवार साइकिल वितरण के आंकड़े मांगे गए हैं।
सौरभ विष्णु के अनुसार, प्रथम अपील का जवाब मिलने और साइकिल वितरण प्रक्रिया पूरी होने तक इस मामले को उठाया जाता रहेगा।

















