जनसंवाद, खरसावां (उमाकांत कर)। कुचाई प्रखंड के तिलोपदा पंचायत अंतर्गत दुखियाडीह गांव में सामुदायिक वन संसाधन प्रबंधन समिति की ओर से पत्थरगाड़ी का प्रथम स्थापना दिवस पारंपरिक उत्साह के साथ मनाया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में ग्रामीण, जनप्रतिनिधि, सामाजिक कार्यकर्ता और आसपास के गांवों के लोग शामिल हुए। मुख्य अतिथि के रूप में खरसावां विधायक दशरथ गागराई उपस्थित रहे। दशरथ गागराई वर्तमान में खरसावां विधानसभा क्षेत्र के विधायक हैं।
पूजा-अर्चना के साथ कार्यक्रम की शुरुआत
कार्यक्रम की शुरुआत पारंपरिक रीति-रिवाजों के अनुसार पूजा-अर्चना और पत्थरगाड़ी स्थल पर पुष्प अर्पित कर हुई। इस दौरान ग्रामीणों ने सामुदायिक वन संसाधनों की रक्षा और ग्राम सभा की भूमिका को मजबूत करने की प्रतिबद्धता व्यक्त की।
‘पत्थरगाड़ी ग्राम सभा की पहचान और अधिकारों का प्रतीक’
विधायक दशरथ गागराई ने कहा कि पत्थरगाड़ी केवल एक पत्थर नहीं, बल्कि ग्राम सभा की पहचान, परंपरा, संस्कृति और अधिकारों का प्रतीक है।
उन्होंने कहा कि जल, जंगल और जमीन आदिवासी समाज के जीवन का महत्वपूर्ण आधार हैं। इनके संरक्षण और संवर्धन के लिए सामुदायिक भागीदारी जरूरी है। उन्होंने ग्रामीणों से एकजुट होकर वन संसाधनों की रक्षा करने और सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ लेने की अपील की।
वन अधिकार मिलने के बाद जिम्मेदारी बढ़ी
विधायक ने कहा कि सामुदायिक वन संसाधन अधिकार मिलने के बाद ग्रामीणों की जिम्मेदारी भी बढ़ गई है। वन संरक्षण के साथ आजीविका के नए अवसर तैयार कर गांवों को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में काम करने की जरूरत है।
उन्होंने सामुदायिक वन संसाधन प्रबंधन समिति के सदस्यों के प्रयासों की सराहना की और वन संरक्षण एवं ग्राम विकास से जुड़े कार्यों को आगे बढ़ाने की बात कही।

एक वर्ष की उपलब्धियों की दी जानकारी
कार्यक्रम के दौरान समिति के पदाधिकारियों ने पत्थरगाड़ी स्थापना के उद्देश्य और पिछले एक वर्ष की गतिविधियों की जानकारी दी। समिति के अनुसार ग्राम सभा के माध्यम से वन संरक्षण, अवैध कटाई पर रोक, पौधरोपण, वन उपज के संरक्षण और ग्रामीणों की सहभागिता सुनिश्चित करने के लिए लगातार कार्य किए जा रहे हैं।
समिति ने भविष्य में भी सामुदायिक वन अधिकारों को मजबूत करने और पर्यावरण संरक्षण के लिए अभियान जारी रखने का संकल्प लिया।
बड़ी संख्या में ग्रामीण रहे मौजूद
कार्यक्रम में विधायक दशरथ गागराई, विधायक प्रतिनिधि धर्मेंद्र कुमार मुंडा, वनाधिकार विधायक प्रतिनिधि भरत सिंह मुंडा, प्रखंड सचिव मुन्ना सोय, मुखिया राम सोय, संरक्षक मंगल हांसदा, मांगीलाल सुमबरूई, मानकी बानरा, अशोक कुमार मानकी, सुखराम मुंडा, राजमोहन गुंदुवा, गणेश सोय, मोहनलाल हांसदा, निर्दोष हांसदा, संतोष हांसदा, उमेश सोय, प्यारे लाल सोय, सुरेश हांसदा, आदर्श हांसदा, सोमा सोय, तुरी हांसदा, सुखराम हांसदा और गुलाब हांसदा सहित अन्य लोग उपस्थित रहे।

















