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खरसावां : अफीम की खेती पर पुलिस सख्त, मुखिया-मुंडा के साथ ग्रामीणों को किया जागरूक; अवैध कारोबार से दूर रहने की अपील

By Balram Panda

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खरसावां / Balram Panda : अफीम की अवैध खेती पर अंकुश लगाने और ग्रामीणों को इसके कानूनी व सामाजिक दुष्परिणामों से अवगत कराने के लिए खरसावां पुलिस ने जागरूकता अभियान चलाया। खरसावां थाना क्षेत्र के बाबू रीडिंग गांव में आयोजित बैठक में पुलिस ने मुखिया, मुंडा और ग्रामीणों के साथ सीधा संवाद कर अवैध अफीम की खेती के खिलाफ सामूहिक पहल करने की अपील की, साथ ही ग्रामीणों की स्थानीय समस्याओं को सुनकर उनके समाधान को लेकर भी चर्चा की गई.

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बैठक में पुलिस ने स्पष्ट किया कि अफीम की अवैध खेती, उत्पादन और कारोबार कानूनन अपराध है, इसमें संलिप्तता सामने आने पर संबंधित लोगों को कानूनी कार्रवाई का सामना करना पड़ सकता है, पुलिस ने ग्रामीणों को आगाह किया कि आर्थिक लाभ के प्रलोभन में अवैध खेती का रास्ता चुनना उनके परिवार, भविष्य और सामाजिक प्रतिष्ठा के लिए गंभीर संकट पैदा कर सकता है, ग्रामीणों से किसी के बहकावे में नहीं आने तथा वैध कृषि और रोजगार के साधनों को अपनाने की अपील की गई.

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पुलिस ने मुखिया और मुंडा से गांव में जागरूकता बढ़ाने, युवाओं को अवैध गतिविधियों से दूर रखने और अफीम की खेती के खिलाफ जनमत तैयार करने में सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया, ग्रामीणों से भी कहा गया कि गांव या आसपास अफीम की अवैध खेती अथवा इससे जुड़े कारोबार की जानकारी मिलने पर पुलिस को तत्काल सूचित करें, ताकि समय रहते आवश्यक कार्रवाई की जा सके.

बैठक के दौरान ग्रामीणों की समस्याओं और स्थानीय जरूरतों पर भी विचार-विमर्श हुआ, पुलिस ने प्रशासन, जनप्रतिनिधियों और आम जनता के बीच बेहतर समन्वय को क्षेत्र में शांति, सुरक्षा और अवैध गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण के लिए जरूरी बताया, अभियान के माध्यम से स्पष्ट संदेश दिया गया कि अफीम की अवैध खेती के खिलाफ लड़ाई में केवल प्रशासनिक कार्रवाई ही नहीं, बल्कि ग्रामीणों की जागरूकता, जनप्रतिनिधियों की सक्रियता और सामूहिक सहयोग भी निर्णायक भूमिका निभाएगा.

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